जैसलमेर। जिले के पारेवर गांव में शनिवार शाम को दीनाभाना वाल्मीकि की जयंती श्रद्धा, सम्मान और उत्साह के साथ मनाई गई। वे बामसेफ के संस्थापक सदस्य एवं मान्यवर कांशीराम के सहयोगी रहे थे।

इस अवसर पर उपस्थित जनसमूह ने उनकी तस्वीर पर पुष्प अर्पित कर माल्यार्पण किया तथा उनके संघर्षमय जीवन को नमन करते हुए भावभीनी श्रद्धांजलि दी। कार्यक्रम का आयोजन डॉ. अम्बेडकर जन कल्याण एवं ग्राम विकास संस्था, पारेवर द्वारा किया गया। समारोह को संबोधित करते हुए भारत मुक्ति मोर्चा के प्रदेश प्रभारी शिवदानाराम राठौड़ ने कहा कि दीनाभाना वाल्मीकि का जीवन सामाजिक न्याय, समानता और बहुजन चेतना के लिए समर्पित रहा। उन्होंने समाज के वंचित वर्गों को संगठित कर अधिकारों की लड़ाई को नई दिशा दी। उनके विचार आज भी सामाजिक परिवर्तन की प्रेरणा देते हैं।

भीम आर्मी के जिला मीडिया प्रभारी धर्मेन्द्र राठौड़ ने बताया कि कार्यक्रम में सामाजिक एकता, शिक्षा और संगठन की मजबूती पर विशेष जोर दिया गया। वक्ताओं ने युवाओं से आह्वान किया कि वे महापुरुषों के बताए मार्ग पर चलकर समाज में सकारात्मक बदलाव लाएं।
इस अवसर पर पूनमाराम राठौड़, अचलाराम राठौड़, व्याख्याता लीलाधर राठौड़, पटवारी घनश्याम राठौड़, मनीष राठौड़, धर्मेन्द्र राठौड़, रविन्द्र राठौड़, तोगेश, रोहित, वासु, समीर, हसीना सहित बड़ी संख्या में ग्रामवासी उपस्थित रहे। महिलाओं में केंकू देवी और मरेमी देवी सहित अनेक मातृशक्ति की सहभागिता ने कार्यक्रम को गरिमा प्रदान की। कार्यक्रम का समापन सामाजिक समरसता और जागरूकता के संकल्प के साथ किया गया।
